तेरे दर पर अब हम चले आएं हैं
लेकर अब हम अपने दिल की फरियाद
देखते हैं कि आप की नज़र कब पड़ती है हम पर
तड़प रहा था दिल मेरा बरसों से

बस ऐसे में इंतज़ार है तेरे ही आने का
एक झलक ही दिखाई थी आपने
अब ना जाने आप कहाँ चले गए हैं
क्या हुआ और कैसे हुआ ये सब मुझे नहीं मालूम
तेरी आँखों की रौशनी है चारों तरफ
कर दो दूर तुम आज मेरे दिल का अँधेरा
धन दौलत शान और शौक़त अब कौन मांगता है
हमें तो बस दीदार ऐ यार की दरकार है

जब साथ तेरा मिल गया है तो फिर
दुनिया के सहारे की फ़िक्र अब किसको है
मैं तो अब रहता हूँ अब तेरे इश्क़ की मस्ती में
नाँव मेरी रहती है हर वक़्त ग़र्दिश के तूफानों में
अब देखते हैं कि अंजाम ऐ मोहब्बत क्या होगा
हमारा क्या है हमने तो नाम तेरे कर दी ज़िन्दगी
बाकी कुछ ना रहा पास हमारे अब

जीतने दो जिसको जीतना है दुनिया को
हम तो बस आप के दिल में थोड़ी सी जगह मांगते हैं
मज़ा आ रहा है अब मोहब्बत के सफर का
बहुत तेज़ है धूप भी और पाँव पर पड़े छाले हैं
कुछ इस तरह से संभाला हैं मैंने तेरे इश्क़ को
अब तो ख्वाहिश है यही मेरी मेरे दिलबर
अगर मेरा दम भी निकले तेरी चौखट पर

तूँ रहे बस रूबरू मेरे बस यही चाहता हूँ
दीवाने तो बहुत से हैं ज़माने में
जो भरते हैं आहें अपने महबूब के लिए
पर मैं तो जीता हूँ तुझे याद कर कर के
तुम मिलने आओ या ना आओ अब ये तेरी मर्ज़ी
हमने तो तेरी गलियों में अपना घर बना लिया है

जब कभी भी तुम से दूर जाने की कोशिश की है
तो हर बार कदम तेरी और ही लोट कर आए हैं
तेरे दर पर अब हम चले आएं हैं
Amazon Link to Buy Book:
