
मिलने की तुम कोशिश करना
मिलने की तुम कोशिश करना,
मैं राहों में ठहरा मिलूँगा।
भीड़ भरे इस शहर के अंदर,
बस तेरा ही चेहरा मिलूँगा।
वक्त अगर दीवार बनाए,
हिम्मत से तुम उसको तोड़ना।
दूरियाँ चाहे लाख बढ़ें पर,
अपने दिल का रिश्ता जोड़ना।
मिलने की तुम कोशिश करना,
मैं हर मोड़ पर इंतज़ार करूँ।
तुम बस एक कदम बढ़ा देना,
मैं सौ कदम तैयार चलूँ।
मिलने की तुम कोशिश करना,
सपनों को फिर से सच करेंगे।
जो बिखरे हैं कल की राहों में,
मिलकर उनको फिर से चुनेंगे।
बरसों की खामोशी में भी
तेरी धड़कन सुन लेता हूँ।
तेरे हर अनकहे एहसास को,
अपनी साँसों में बुन लेता हूँ।
चाँद अगर बादल में छिप जाए,
तारों से तेरा पता पूछूँ।
रात अगर तन्हा हो जाए,
यादों का फिर दिया जला लूँ।
मिलने की तुम कोशिश करना,
मैं हर मौसम में साथ रहूँ।
धूप मिले या छाँव की राहें,
तेरे हर पल के पास रहूँ।
मिलने की तुम कोशिश करना,
मैं हर दूरी मिटा दूँगा।
तू बस अपना हाथ बढ़ा देना,
हर मुश्किल को हरा दूँगा।
शिकवे सारे हवा में छोड़ें,
नई सुबह का गीत लिखें।
बीते कल की टूटी बातें,
आज मोहब्बत से फिर सिले।
दिल की दुनिया फिर से महके,
ख्वाबों को परवाज़ मिले।
तेरी मेरी हर धड़कन को,
एक नया अंदाज़ मिले।
मिलने की तुम कोशिश करना,
मैं आँखों में उजियारा बनूँ।
तुम मेरे दिल की दुआ बनो,
मैं तेरे जीवन का सहारा बनूँ।
मिलने की तुम कोशिश करना,
ये वादा उम्र भर निभाऊँगा।
जब भी तुम मुझे पुकारोगे,
मैं मुस्कुराकर चला आऊँगा।
मिलने की तुम कोशिश करना,
बस इतना-सा एहसान करना।
अगर कभी दिल मुझे पुकारे,
एक बार मेरा नाम लेना।




