मैं और तुम मिलकर अब हम हो गए हैं एक दूजे के सनम हो गए हैं
पहले तो हमारे बीच जमकर तकरार हुई और फिर प्यार हो गया
एक दूजे के साथ जीने मरने का भी करार हो गया
ये सब क्यों हुआ और कैसे हुआ सोचने का मौक़ा तक नहीं मिला
ऐसा लगा जैसे कि तेरी मोहब्बत मुझे तेरी और खींच रही है

भीड़ में भी अब मैं तन्हाई को ढूंढ़ने लगता हूँ तेरी ख़ातिर
ये हवाओं का मदमस्त झोंका तुझे छूकर आया है शायद
इसीलिए तो साँसे मेरी महक उठी है तेरे बदन की खुश्बू से
ये सारी कायनात आज गुनगुना रही है नगमे हमारे इश्क़ के
तेरी आँखों के काजल में मैंने अपना दिल छुपा दिया है

दूर हो गया हूँ इस दुनियाँ से और तेरी मोहब्बत में हूँ गिरफ्तार
नैनों से मेरी नींद रूठ गयी जब से हुई तुम से मेरी आँखें चार
रहते थे कभी दूर एक दूजे से आज कितने करीब हम हो गए हैं
मैं और तुम मिलकर अब हम हो गए हैं एक दूजे के सनम हो गए हैं
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