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वक़्त जब बदलता है तो इंसान के हालात बदल जाते हैं

वक़्त जब बदलता है तो इंसान के हालात बदल जाते हैं

वक़्त जब बदलता है तो इंसान के हालात बदल जाते हैं

सब वक़्त वक़्त की बात होती है मेरे प्यारे दोस्तों

वक़्त जब बुरा होता है तो अपने भी बेगाने बन जाते हैं

टूट जाते हैं सभी सपने जीवन के और आदमी हताश हो जाता है

ऐसा वक़्त जब किसी पर आता है तो फिर काटे नहीं कटता

ज़िन्दगी बोझ बन जाती है और कोई भी सहारा नज़र नहीं आता

पर सुना है कि वक़्त किसी का भी कभी एक जैसा नहीं रहता

काली अँधियारी रात के बाद फिर से एक नयी सुबह आती है

तेरा भी वक़्त बदलेगा और तू भी मुश्किलों के भँवर से बाहर निकलेगा

हालत कैसे भी हो पर उम्मीद का दामन तू कभी मत छोड़ना

जीत आखिर उसी की होती है जो संघर्ष की कसौटी पर खरा उतरता है

मेहनत करने वालों की झोली में अक्सर हार के बाद ही जीत आती है

जिसको कोई भी नहीं पूछता था दुनिया उसके क़दमों में आ जाती है

वक़्त अगर अच्छा चल रहा हो तो खोटे सिक्के भी चल जाते हैं

वक़्त जब बदलता है तो इंसान के हालात बदल जाते हैं