तेरी पतली कमर पर मेरा हाथ हो, रास्ता चाहे जैसा भी हो पर तेरा मेरा साथ हो
होंठ हैं सुर्ख़ लाल तेरे और गोरे-गोरे गालों पर काला तिल है
तेरी इस मासूम सी सूरत पर फ़िदा हमारा ये दिल है
जब भी तुम चलती हो तो ना जाने कितनों के दिल धड़क जाते हैं
तेरी मस्त निगाहों की अदा देखने को मेरे ये दो नैन तड़प जाते हैं
ये बारिश का मौसम और ये ठंडी हवाएं
ये फूलों का मिलना भवरों से और ये कलियों की ठंडी आहें
सभी जैसे एक-दूसरे के दीवाने हुए जा रहे हैं
दिल के एक कोने में मैंने भी छुपा रखी है मोहब्बत तेरी
तेरे आने की आहट से ही मेरे घर में रौनक आ जाती है
तेरी काली-काली जुल्फों के घेरे से निकल पाना मेरे बस की बात नहीं
कैसे मैं लगा लूँ गले तुमको सब के बीच, अभी तो ये दिन है रात नहीं
तेरी साँसों की छुअन से मैं मतवाला हुए जा रहा हूँ
ये हक़ीक़त है या फिर कोई सपना बस यही सोचे जा रहा हूँ
अगर तुम खुद को गुलाब कहती हो तो कोई बात नहीं
ज़िन्दगी में हमारी कांटे भी कुछ कम तो नहीं
आखिर काँटों के साथ ही तो फूल मुकम्मल होते हैं
तेरी इन खूबसूरत पलकों पर ही मेरे ख्वाब आराम से सोते हैं
दिल तो मैंने दे दिया है तुमको, और अब तुमको क्या चाहिए मुझसे
मैंने तो कह दिया है अपना हाल-ऐ-दिल तुमको और लगा बैठे हैं अपना दिल तुमसे
किसी की चाहत को कभी भी रुस्वा नहीं किया करते
जब भी कोई अपना दिल पेश करे तो उसको मना नहीं किया करते
चाहे रहो दूर, चाहे रहो पास, तुम हमेशा ही रहोगे मेरे लिए बहुत ख़ास
तुम जो कहते हो मुझसे कि मैंने तुम्हारे लिए किया ही क्या है
क्या जानते हो तुम, तेरी चाहतों को ही मैंने अपनी ज़िन्दगी बना लिया है
सोचता हूँ कि आज तुम्हारी सारी नाराज़गी को दूर कर दूँ
तुझे बिठा कर अपनी गाड़ी में पहाड़ों की सैर करा दूँ
आओ हम दोनों मिलकर खो जाएं इस हसीन वादियों में
अगर तुम्हारी इजाजत हो तो मैं तुम्हे आज अपनी बाँहों में भर लूँ
तुझे बिठा कर पास अपने, मैं दिल की बातें अपनी सारी कर लूँ
तेरी आशिकी भी एक बहुत ही खूबसूरत एहसास है
तेरा दिया हुआ हर दर्द भी मेरे लिए बहुत ख़ास है
तेरे बदन की खुशबू से मेरी साँसे महक रही हैं
जिसको मिल जाए तेरे जैसी महबूबा, वो आशिक़ फिर क्यों ना बर्बाद हो
तेरी पतली कमर पर मेरा हाथ हो, रास्ता चाहे जैसा भी हो पर तेरा मेरा साथ हो
Amazon Link to Buy Book:
