MOTIVATIONAL RHYMES
Welcome to Motivational Rhymes, a place where words inspire, dreams awaken, and positivity finds a voice. Our mission is to uplift hearts and minds through the power of motivational poetry, inspirational quotes, and soulful rhymes that encourage personal growth and self-belief.


रुकी रुकी सी इस ज़िन्दगी को मैं फिर से चलाना चाहता हूँ तेरे साथ मैं फिर से कदम से कदम मिलाकर चलना चाहता हूँ जब से तेरा साथ छूट गया तब से मैं तनहा और उदास हो गया दिल मेरा ना जाने क्या चाहता है तुझसे ऐ ज़िन्दगी सोचता हूँ कि कहीं दूर चला जाऊ…

ख़ाली बैठकर तुम अपना वक़्त ना यूँ बर्बाद करो छोड़ दो अब आलस को और कुछ काम कर लो यारों ये ज़िन्दगी बस एक ही बार मिलती है सबको जागो, उठो और अपने काम पर लग जाओ ये तो सच है कि हर दिन तुम्हारे मन मुताबिक़ नहीं गुजरेगा तेरे हाथ में तो बस मेहनत…

चल पड़ा हूँ मंज़िल की तरफ मैं अब कामयाबी मुझसे दूर नहीं माना कि राह मेरी ये आसान नहीं होगी कोई बात नहीं कुछ ना करने से तो कोशिश करना बेहतर होता है ये ज़िन्दगी का सफर है हमेशा एक जैसा नही रहता कभी तो इसमें लगते हैं मेले और कभी हम हो जाते हैं…

कामयाबी का सूरज धीरे धीरे ही सही पर निकलता जरूर है कभी तो लगता है जैसे कि दिल में जोश है और जूनून अभी बाकी है पर ऐसा भी होता है कि मन मुताबिक वक़्त और हालात नहीं मिलते हर रोज़ देखता हूँ कि मैंने कितने कदम चले हैं सफलता की ओर मन भी चंचल…

जो ये कहते हैं कि तुम कभी कामयाब नहीं हो पाओगे उनको शर्मिंदा कर दो ज़िन्दगी के सभी इम्तिहान देकर एक दिन तुम एक नया इतिहास बनाओगे ख़ाली जेब हैं तेरी तो क्या हुआ वक़्त तो तेरे पास हैं इसका इस्तमाल कर दिन रात तेरे लिए ही तो हैं लग जा तूँ अपने सपने पूरे…

कब तक जियोगे यूँ ही उधार की ज़िन्दगी अपने भी कुछ उसूल होने चाहिए अपने काम के लिए दूसरों की तरफ देखना जिस दिन छोड़ दोगे उसी दिन से तेरी नयी जिंदगी शुरू हो जाएगी मेरे दोस्त तुझे देखने होंगे कुछ ख्वाब अपने लिए भी अक्सर तेरे सीने में भी कुछ करने का जूनून होना…

अँधेरा चाहे कितना भी घना हो रोशनी के लिए एक चिराग जलाना ही काफी है संघर्ष का सफर चाहे कितनी भी चुनौतियों से भरा हो मंज़िल की तरफ पहला कदम बढ़ाना ही ज़रूरी होता है अगर सफर का आगाज़ किया है तूने तो फिर पीछे मत हट जाना जिंदगी एक जंग और मैदान में तू…

चुनौती जब कभी बड़ी होती है तो जीतने का मज़ा भी बढ़ जाता है दो चार कदम पर ही मंज़िल मिल जाये तो ये कोई ख़ास बात नहीं लहरों के विपरीत जब तैरता है कोई समंदर में तो इस होंसले को पूरी कायनात सलाम करती है जिंदगी में कुछ बनना है तो जीत का जुनून…

जब तक है ये ज़िन्दगी तब तक है उम्मीद कुछ कर गुजरने की अगर तुझमें ज़िद है इस दूनिया को जीतने की तो तू हर लक्ष्य हासिल कर सकता है अपने दम पर माना कि आसमान तक सीढ़ी नहीं जाती कोई पर तेरे होंसले की उड़ान आसमान से ऊँची होनी चाहिए बहुत से ऐसे लोग…

मंज़िल की तलाश में बहुत से लोग अक्सर अपने रास्ते से भटक जाते हैं वो ये भूल जाते हैं कि मज़ा जो सफर में हैं वो मंज़िल को पाने में नहीं हमारे ये कदम थम जाते हैं जब हम मंज़िल पर पहुँच जाते हैं ये ज़िन्दगी भी तो एक सफर ही तो हैं मंज़िल नहीं…