MOTIVATIONAL RHYMES
Welcome to Motivational Rhymes, a place where words inspire, dreams awaken, and positivity finds a voice. Our mission is to uplift hearts and minds through the power of motivational poetry, inspirational quotes, and soulful rhymes that encourage personal growth and self-belief.


क्या मेरे भीतर भी कभी शांति होगी या सिर्फ विचारो की ही क्रांति होगी मेरा जीवन तो बस एक कोरा कागज़ है कोई क्या पढ़ेगा मेरे जीवन की किताब हर रोज़ जंग होती है दिल और दिमाग के बीच ये दुनिया हर रोज़ नए रंग बदलती है अब तक तो मैं ढूंढ़ता रहा खुशियों को…

मुझे अब क्या काम है इस जहान से मैं तो बर्बाद हुआ हूँ तेरी राह में जब से मिला है मुझको तेरा गम इस जहान का गम नहीं सताता अब हमको मेरे कदम तो बस वहीं पर रुक जाते हैं जहाँ से नज़र आ जाते हो आप मुझे मैं कहाँ था आपके क़ाबिल मेरे महबूब…

किसी को पाने की खातिर हमने अपना सब कुछ खो दिया बहुत समझाया सबने हमको कि बच के रहना पर ये दिल है कि माना ही नहीं और गलती कर बैठा अब बात बहुत आगे बढ़ चुकी है शायद अब वापिस लोट कर आना बहुत मुश्किल होगा कदम मेरे अब एक अनजाने सफर पर निकल…

मेरा दिल है ख़ाली मक़ान के जैसा जिसमे अब कोई रहता नहीं ऐसा नहीं है कि ये मकान हमेशा से ही ख़ाली था एक ऐसा भी वक़्त था कि रहते थे इसमें बहुत से लोग माँ बाप भाई बहन सभी बहुत प्यार से जैसे जैसे वक़्त बीता बच्चे अब बड़े हो गए थे एक एक…

मुझे नहीं थी खबर कहाँ है मेरी मंज़िल मुझे इश्क़ तेरा यहाँ लेकर आया अब ना तो दिल होश में है और ना हम होश में हैं ना जाने तूने अपनी मस्त निगाहों से हमें क्या है पिलाया तुझे छोड़कर अब मैं कहाँ पर जाऊँ समझ नहीं आता मुझे मुझको तुमने ऐसा है दीवाना बनाया…

मेरी ये गरीबी कहीं मेरे होंसले ना पस्त कर दे आख़िर कब तक लडूंगा मैं इस ज़माने से कमाने के लिए तो नहीं मिलता मुझे कोई मौका और हज़ारों ख़र्चे हर रोज़ रहते हैं तैयार मुफ़लिसी ऐसी मेरे ख़ुदा किसी को ना देना कि जब हर साँस किसी के क़र्ज़ तले दबी हो जिस किसी…

बैठा हूँ मायूस मैं तो नहीं हुआ मेरा कोई भी काम फिर ये सोचा कि कर लेता हूँ अब मैं थोड़ा सा आराम सोच रहा हूँ ये कि एक एक करके मेरे सभी दोस्त कामयाब होते चले गए पर मैं तो जहाँ खड़ा था बस वहीं हूँ ऐ ख़ुदा क्या मेरी ये किस्मत कभी ना…

सुना है कि मिलती है हर दर्द की दवा तेरे शहर में हम भी हो गए हैं हाज़िर अपना ये ज़ख़्मी दिल लेकर जब मेरा ये इश्क़ का जूनून हद से भी पार हो जायेगा तो शायद उस दिन तुमको भी हमसे प्यार हो जायेगा क्यों रोता फिरूंगा मैं कभी यहाँ तो कभी वहां पर…

आज मैं निकल पड़ा हूँ बहुत दूर के सफर पर ये सफर कुछ ऐसा है कि ना तो सामान है और ना ही किसी भी तरह की कोई तैयारी है ये सफर हर मायने में कुछ अलग सा है मैं काफी दिनों से कुछ ऐसा करना चाहता था पर आज एकाएक मेरे दिल में ये…

तेरे इंतज़ार की हद हो गयी ना जाने तुम कब आओगे कह कर तो गए थे कि बस हम अभी आते हैं हम तो आज भी वहीं पर खड़े हैं दिल थाम कर जहाँ तुमसे मिले थे हसीन वादियों में गले मैं मेरी डाला था तुमने अपनी बाँहों का हार और ये भी कहा था…