MOTIVATIONAL RHYMES
Welcome to Motivational Rhymes, a place where words inspire, dreams awaken, and positivity finds a voice. Our mission is to uplift hearts and minds through the power of motivational poetry, inspirational quotes, and soulful rhymes that encourage personal growth and self-belief.


आज मौसम बहुत सुहाना लगता है सावन की पहली बारिश की बूँदे हैं दिल मेरा आज ख़िला हैं गुलाब की तरह कोयल की मधुर आवाज़ कानों में रस घोल रही है तोता मैना की कहानी आज अपनी सी लगती है बरसों बाद आज फिर से मुस्कुराया हूँ मैं मेरे प्यासे इस दिल पर तुम बारिश…

तेरे चेहरे का जादू मुझ पर चल गया है हर पल तेरे ही ख्यालों में रहने लगा हूँ तेरी और मैं चला आता हूँ जब भी कहीं जाता हूँ तेरी सूरत इन आँखों में बस गयी है जब भी चाहूँ मैं तेरा दीदार कर लेता हूँ क्या मुझे इश्क़ हो गया है दोस्तों से पूछता…

तुझे अपना बना लेंगें हमने सोचा तो नहीं था बस चलते रहे यूँ ही तेरे पीछे पीछे ये सोच कर की कभी तो देखोगे तुम पीछे मुड़कर मुझे पर शायद ये मेरे दिल का कोई भरम था कर रहे हैं तुम्हारा हम बस इंतज़ार साथ है हमारे बस तुम्हारा प्यार ना जाने कब मेरी ज़िन्दगी…

ये इश्क़ में लिपटी हुई रात बड़ी रूहानी लगती है कायनात सारी तेरे नाम की आज दीवानी लगती है रात की रानी महक रही है तेरे आँगन में बजती है शहनाइयां सब के तन मन में महफ़िल में तेरे होने की ये निशानी लगती है कायनात सारी तेरे नाम की आज दीवानी लगती है चेहरे…

तुझे दिल से चाहा था हमने, क्या यही थी हमारी खता जब वक़्त आया अपनी वफ़ा साबित करने का तुमने तो मेरी एक ना सुनी गैरों की बातों पर ही तुमको था यक़ीन और आज ये हालत हो गयी है कि मोहब्बत हमारी यतीम होने को है थक चूका हूँ मैं तो कोशिश करके अब…

प्यार क्या है ये मुझको नहीं थी खबर जब से तुमको देखा है मैं तेरा हो गया कैसे जताना है प्यार मैं तो ये भी नहीं जानता दिल ये मेरा नहीं लगता तेरे बिन अब कहीं जब पास होती हो तो तुमको ही देखता हूँ जब दूर चली जाते हो मुझसे तो बस तेरे बारे…

प्यार किया नहीं जाता ये तो बस हो जाता है प्रेमी जागता रहता है और जग ये सो जाता है आशिक़ों की तक़दीर मैं ही है आहें भरना किसी दिलरुबा के हसीन चेहरे पर मरना दोस्तों के साथ जब भी वक़्त गुजरता है तो हर पल एक नयी मौज और एक अलग सी मस्ती होती…

हाल मेरे दिल का जो तुम ना सुनोगे तो कौन सुनेगा तुझे छोड़ कर अब किस के दर पर जाएं हम मेरी लाज़ भी अब बस तुम्हारे ही हाथ है वक़्त से माँगा उधार मैंने तेरा मेरा साथ है अगर आपकी नज़र ए करम हम पर आज हो जाए तो काँटों भरी ये ज़िन्दगी गुलाब…

तुमसे मिलने की तम्मना मेरी पूरी ना हो सकी चाहत मेरी अब ले रही है तेरे बिना सिसकी दिल में तेरी यादों का भंवर उठ रहा है जैसे कोई शाँत पानी में पत्थर मार दे ज़ोर से यूँ तो रूठने के बहाने तो मेरे पास भी हैं बहुत पर मैं क्या करूँ मैं तो चाहत…

इश्क़ के बाजार में जरा खुद को लुटा कर देख ले होती है क्या मोहब्बत ज़रा तूँ भी कर के देख ले कदम कदम पर देना होता है इम्तिहान आशिकों को ज़रा तूँ भी इन आग के शोलों पर चल के देख ले सब छोड़ जायेंगे तेरा साथ बीच राह में ही तूँ एक बार…